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रण्डी बन मर्द के साथ दिन बिताई : भाग-३

हेल्लो दोस्तों,
पिछले भाग के आगे….. दीपा और गैरी दोनों पूर्णतः नग्न थे तो अब मैं उसके सामने से ही कमर बलखाते हुए वाशरूम चली गई और मूतने के बाद फ्रेश हुई, वापस आईं तो गेरी फ्रेश होने चला गया, मैं सोफ़ा पर बैठे सोच रही थी कि पहले बुर चुद्वाऊं या गान्ड तो लगा कि इसका मूसल लंड मेरी गान्ड चोदकर मुझे बेहाल कर देगा और फिर इतनी दर्द होगी की शायद चुदवाने में मजा ना ले सकूं, तभी वो मेरे पास आया और बोला ” क्या ब्लोजॉब का मज़ा दोगी या फिर चोदूं
( मैं उठी और उससे लिपटकर उसको चूमने लगी ) जरूर मेरे कस्टमर मैं तेरी रण्डी हूं और आज दिन रात जो चाहो मुझसे बोलो फिर सब करूंगी, बैठो भी ” वो बैठ गया तो मैं फर्श पर चूतड रख बैठी, अब उसके लंड को पकड़ चूमने लगी तो गैरी मेरे चूची पकड़ मसलने लगा और मैं उसके ६-७ इंच लंबे और दो इंच मोटे लंड को चुम्बन देते हुए उसके कमर सहला रही थी। दीपा का चेहरा लंड के पास था तो मै फिलहाल घुटनों के बल होकर लंड को चूम रही थी और वो मेरे चूची दबाता हुआ मेरे पीठ सहलाने लगा, अब उसके गोल लंबे सुपाड़ा को मुंह में लेकर चूसने लगी तो गैरी मेरे सर पर हाथ रख चूतड को थोड़ा ऊपर किए लंड को मुंह में घुसाने लगा और उसका पूरा लंड मुंह में घुसते ही लगा कि सुपाड़ा गले में अटक सा गया है तो मैं अब मुंह का झटका देने लगी और उसके स्तन पुचकारने से मस्त हो रही थी, दीपा तेजी से मुंह उपर नीचे करते हुए मुखमैथुन का आनंद ले / दे रही थी कि वो आहें भरने लगा ” ओह उह तुम तो मस्त लंड चूसती हो सही में यदि कॉल गर्ल का काम शुरू कर दो तो ग्राहकों की भीड़ लग जाएगी
( मैं उसका लन्ड मुंह से निकाली ) जरूर वो भी करूंगी डियर ” और फिर उसके थूक से सन्ने लंड को मैं जीभ से चाटने लगी, अब बुर के अंदर का कोतूहल मुझे चुदवाने को बेकरार कर रहा था तो मै उसके लंड फिर से मुंह में लिए चूसने लगी और मुखमैथुन करते हुए लंड का वीर्य चखना चाहती थी लेकिन ये तो उस पर है की देर तक मुखमैथुन करने देगा या फिर चुदाई करने लगेगा और पल भर बाद वो मेरे बाल पकड़े सर को पीछे कि ओर कर दिया तो उसका लंड मुंह से बाहर था तो दीपा का गोरा चेहरा कामुकता वश लाल हो चुका था, पूरे बदन में सिहरन सी थी तो सांसे तेज चल रही थी और वो बोला ” क्यों चुदवाने का मन नहीं है साली रण्डी
( मैं हंसने लगी ) जो कर तुझे पता मैं तो तेरी रण्डी हूं बस गर्भनिरोधक टेबलेट चूत में घुसाने के बाद ही चोदना ” और मैं उठ खड़ी हुई फिर उसे उठने का इशारा की और दोनों गेस्ट रूम चले आए, अब मैं बेड पर बैठी फिर वहीं किंग साईज बेड के उपरी हिस्से में बने एक ड्रॉवर से टुडे गोली कि स्ट्रिप निकाल उसे थमाई तो वो मुझे लेटने को बोला और मैं जांघें फैलाए लेट गई तो गेरी मेरी चूत में पहले तो एक उंगली घुसाने लगा फिर उंगली निकाल टेबलेट को अंदर किया, अपनी उंगली से टेबलेट को चूत के अंदर तक किए पूछा ” तो बोल साली कॉल गर्ल क्या चार्ज करेगी
( मैं हंसते हुए बोली ) एक बार चोदोगे तो दस हजार लूंगी
( वो मेरे जांघ सहला रहा था, ) ओह इतना ज्यादा
( मैं ) क्यों चूची भी तो चूसे साथ ही लंड को प्यार दी हूं
( वो बोला ) ओके तो अगर गांड़ चोदूं फिर
( मैं हंसते हुए बोली ) तब तो बीस हजार अलग से गान्ड बहुत कीमती है सर ”
मैं बेड पर जांघें फैलाकर लेटी हुई थी तो गैरी मेरे जांघ चूमने लगा साथ ही मेरे कमर से छाती तक हाथ फेर रहा था तो उसके ओंठ मेरे चिकने जांघों पर मानो शरीर में करेंट प्रवाहित कर रहे हों और मैं ” आह उह ओह उई अब तो चूत में दवाई भी पिघल गया डियर चोद ना मुझे रण्डी की तरह चोद चोदकर बुर का भोंसड़ा बना दे, लेकिन वो मेरे जांघों से घुटनों तक को चूमा फिर मेरे जांघों को हवा में उठाए उसके पिछले हिस्से को चूमने लगा, बहुत गरम और कामुक हो चुकी थी मैं और अब मुझे चुदाई के अलावा कुछ नहीं दिख रहा था लेकिन वो तो चूमने में ही लगा हुआ था और मैं भी उसके चुम्बन को बर्दास्त कर रही थी ” ओह अब छोड़ो प्लीज़ चोदो ना
( वो मेरे जांघ बेड पर रख अपना लंड पकड़े हुए बोला ) ओके साली कूत्ती अब चोदता हूं ” तो वो मेरे जांघों के बीच बैठा हुआ लंड को पकड़े चूत में आराम से घुसाए जा रहा था तो मेरी चूत में उसका २/३ लंड घुस चुका होगा कि वो मुझे संभलने का भी मौका नहीं दिया फिर जोर से लंड पेलकर चोदने लगा लेकिन मैं उसके मोटे लंड अचानक से गुदाज चूत में घुसने से चिंख पड़ी ” हाई रे मादरचोद फाड़ दिया मेरी चूत ” तो वो मेरे कमर पकड़े दे दनादन चोदने लगा और मैं टांग फैलाए चुदवा रही थी, अब उसके लंड का धक्का मेरी चूत को मस्त कर रहा था तो कोमल चूत और कड़े लंड के बीच का प्यार अनोखा होता है और अब तो गैरी मेरे बदन पर सवार होकर चोदने लगा तो उसका मूसल लंड साथ ही चोदने की रफ़्तार मुझे मजे दे रही थी और मैं उसके चुदाई की कायल हो चुकी हूं। मेरे बदन पर लेटे वो चोदे जा रहा था तो मैं कोई १६-१७ साल की छोकरी नहीं थी कि चुदाई के दर्द सहते हुए बेड पर लेटी रहूं और मैं गैरी के पीठ सहलाते हुए अपने चूतड को उछालने लगी लेकिन फिलहाल थोड़ी सुस्त थी तो वो मेरे चेहरे चूमने लगा ” क्या बेबी इतनी जल्दी थकी लग रही हो
( मैं हंस दी ) हां वो तो है आखिर तेरा खरंजा सा लंड चूत को जो ५-६ मिनट से चोदे जा रहा हैं ” और फिर मैं तेजी से चूतड को उछालने लगी तो वो चोदते हुए हांफने लगा, मेरी मुलायम बूब्स उसके छाती से रगड़ खा रही थी तो उसके बदन को कसकर पकड़े मैं किसी रण्डी की तरह गान्ड उछाले जा रही थी और वो भी अब थका हुआ लग रहा था लेकिन साला एक पल भी चुदाई की रफ्तार को कम नहीं किया और मेरे चूत में मानो आग की बारिश हो रही थी तो मैं ” क्या बे चोदु तेरे लंड से माल निकलता भी है या नहीं
( वो मुझे चोदता हुआ किस्स किया ) हो गया डार्लिंग और कुछ पल ” तो मैं कौन रुकने वाली थी, चूतड उछाल उछालकर चुदाने का मजा लेती रही फिर उसके लंड से वीर्य स्खलित होकर मेरे चूत को गिला और चिपचपा कर दिया तो उसके चेहरे को चूम ली ” आज बहुत दिनों बाद असली मर्द से पाला पड़ा है ” फिर दोनों अलग हुए…. to be continued.

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